Tuesday, September 16, 2014

मिठास

' प्रसूता क्या जानबूझ कर बच्ची को जन्म देती ... नारी को जननी मानते है देवी मानते हैं ... जब कल को नारी नहीं होगी तो संसार में सृजन कैसे होगा ... पहले मेल फीमेल का रेशियो इतना था अब कम होकर इतना हो गया .. ' लड़की कॉफी टेबल पर सामने बैठे लडके को सुनाये जा रही थी । लड़के ने शुगर क्यूब की तरफ इशारा किया तो लड़की और भड़क गयी , सारी पुरुष जाति उसके निशाने पर आ गयी , काफी सुनाने के बाद लड़की ने लडके पर ही सवाल दाग दिया ' अच्छा तुम इकलौते हो माँ बाप के , कल को अगर तुम पिता बनो और लड़की हो तो क्या करोगे .. बोलो ? ' ... कॉफी मग से बाहर झांकते हुआ लड़का बोला ' करना क्या है .. या तो तुम उसे नाम दे देना नहीं तो मैं दे दूंगा तुम्हारा नाम ' ... लड़की झेपी मुस्कुराई और कॉफी मग को होठो से लगा लिया अब उसकी चमकती आँखे शायद कॉफी की मिठास को बयां कर रहीं थी । - ब्रह्म राक्षस ©

No comments:

Post a Comment